भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) की मेडिकल टीम ने आज सुबह साई सुदर्शन की चोट को लेकर आधिकारिक मेडिकल बुलेटिन जारी किया है। बुलेटिन के अनुसार, सुदर्शन को यह चोट पिछले सप्ताह प्रैक्टिस सत्र के दौरान डाइव लगाते वक्त लगी थी। शुरुआती जांच में दर्द सामान्य माना जा रहा था, लेकिन जब बेंगलुरु स्थित राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी (NCA) में उनका एमआरआई स्कैन कराया गया, तो पता चला कि उनके रोटेटर कफ में गंभीर खिंचाव है और उन्हें सर्जरी की आवश्यकता पड़ सकती है या कम से कम 8 से 10 सप्ताह के पूर्ण विश्राम की जरूरत है। इस खबर के सामने आते ही चयनकर्ताओं और टीम मैनेजमेंट की मुश्किलें बढ़ गई हैं, क्योंकि सुदर्शन को आगामी सीरीज में नंबर-3 या ओपनिंग पोजीशन के लिए एक मजबूत विकल्प के रूप में देखा जा रहा था।
एनसीए में विशेष चिकित्सा देखरेख और रिहैब प्रोग्राम साई सुदर्शन वर्तमान में बेंगलुरु की एनसीए सुविधा में खेल विज्ञान विशेषज्ञों की कड़ी निगरानी में हैं। उनकी रिकवरी प्रक्रिया को तेज करने के लिए भारतीय टीम के मुख्य फिजियो और स्ट्रेंथ एंड कंडीशनिंग कोच लगातार एनसीए के डॉक्टरों के संपर्क में हैं। सुदर्शन का यह रिहैब प्रोग्राम विशेष रूप से उनके कंधे की मांसपेशियों को फिर से मजबूत करने और गतिशीलता वापस लाने के लिए डिज़ाइन किया गया है। डॉक्टरों का मानना है कि यदि रिहैब योजना के अनुसार आगे बढ़ता है, तो वह इसी साल के अंत तक घरेलू क्रिकेट में वापसी कर सकते हैं, हालांकि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उनकी वापसी नवंबर से पहले होना मुश्किल नजर आ रही है। इस दौरान वे घरेलू सर्किट के कई महत्वपूर्ण मैचों से बाहर रहेंगे, जिससे तमिलनाडु की रणजी ट्रॉफी टीम को भी बड़ा झटका लगा है.
चयन समिति और कप्तान के सामने नई रणनीतिक चुनौतियां साई सुदर्शन के चोटिल होने के कारण भारतीय टीम प्रबंधन और मुख्य चयनकर्ता अजीत आगरकर को अब बेंच स्ट्रेंथ पर नए सिरे से विचार करना होगा। मध्य क्रम और शीर्ष क्रम में लगातार मिल रहे मौकों का फायदा उठाने वाले सुदर्शन का इस तरह बाहर होना टीम के संतुलन को प्रभावित कर सकता है। कोच गौतम गंभीर और कप्तान रोहित शर्मा अब इस स्थिति से निपटने के लिए घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन कर रहे अन्य युवाओं को आजमाने पर विचार कर रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि साई सुदर्शन की यह चोट उनके करियर के इस अहम मोड़ पर एक बड़ी बाधा है, लेकिन उनकी कम उम्र और फिटनेस के प्रति समर्पण को देखते हुए यह उम्मीद की जा रही है कि वह इस चुनौती से पार पाकर और अधिक मजबूत होकर मैदान पर वापसी करेंगे। उनके तमाम चाहने वाले और साथी खिलाड़ी सोशल मीडिया के जरिए उनके जल्द स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं.