संजू सैमसन का प्रदर्शन और टीम की चिंता
भारतीय क्रिकेट टीम प्रबंधन इस समय विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन के निराशाजनक प्रदर्शन से खासी परेशानी में है। खेल के सबसे छोटे प्रारूप में संजू लगातार उम्मीद के मुताबिक रन बनाने में असफल साबित हो रहे हैं। जापान में हुए एशियाई खेलों के दौरान भी उन्हें पारी की शुरुआत करने के बजाय तीसरे नंबर पर उतारा गया था। उस समय भी प्रबंधन ने उन पर पूरा भरोसा जताया था लेकिन वह उस उम्मीद पर पूरी तरह खरे नहीं उतर पाए। वेस्टइंडीज के खिलाफ खेली जा रही पांच मैचों की मौजूदा सीरीज संजू के लिए अपना करियर बचाने के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण हो गई है। केवल विश्व कप के दौरान किए गए अच्छे प्रदर्शन के बल पर वह लंबे समय तक अंतिम ग्यारह में अपनी जगह सुरक्षित नहीं रख सकते हैं। प्रबंधन अब उनकी फॉर्म को लेकर काफी गंभीर हो चुका है और इस बल्लेबाज के विकल्प पर विचार कर रहा है।
वैभव सूर्यवंशी की दावेदारी और अनुभवहीनता
युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने अब तक मिले सीमित अवसरों में यह साबित कर दिखाया है कि वह इस फॉर्मेट के लिए काफी उपयुक्त खिलाड़ी हैं। बाएं हाथ के इस युवा बल्लेबाज के तरकश में कई प्रकार के आकर्षक शॉट मौजूद हैं। वह अपने बेहद आक्रामक अंदाज से विरोधी टीम पर पारी की शुरुआत से ही दबाव कायम करने की क्षमता रखते हैं। हालांकि केवल प्रचार के आधार पर ही किसी युवा खिलाड़ी को शीर्ष स्तर के क्रिकेट में जल्दबाजी के साथ शामिल नहीं किया जा सकता है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का स्तर पूरी तरह अलग होता है और इसे इस पंद्रह वर्षीय खिलाड़ी ने भी भली-भांति समझ लिया है। इंग्लैंड के खिलाफ खेली गई टी20 सीरीज में भारत को मिली जीरो-तीन की हार के दौरान उन्होंने चौदह, तेरह और पंद्रह रनों का योगदान दिया था। एशियाई खेलों के दौरान बिहार से ताल्लुक रखने वाले इस खिलाड़ी ने अठारह और पैंतीस रन बनाए थे। एक युवा खिलाड़ी के लिहाज से ये स्कोर बहुत खराब नहीं हैं लेकिन चयनकर्ता हर पहलू को परखेंगे।
वेस्टइंडीज की चुनौती और मुकाबले का समय
कैरेबियाई टीम के पास टी20 फॉर्मेट के कई माहिर और दिग्गज खिलाड़ी मौजूद हैं जो कभी भी मैच का रुख पलट सकते हैं। मेहमान टीम की बल्लेबाजी हमेशा से ही उनकी सबसे बड़ी ताकत मानी जाती है और उनके पास कई धाकड़ बल्लेबाज हैं। इनमें कप्तान और विकेटकीपर शाई होप के अलावा शिमरोन हेटमायर, रोवमैन पॉवेल, रोस्टन चेज और रोमारियो शेफर्ड जैसे खतरनाक नाम शामिल हैं। पिछले मुकाबले में भारत ने उनके सत्रह रन के लक्ष्य को बहुत आसानी से हासिल कर लिया था। इस बार वेस्टइंडीज को अगर जीत दर्ज करनी है तो उनके बल्लेबाजों को कम से कम दो सौ बीस रनों का बड़ा स्कोर बनाना होगा। गेंदबाजी विभाग में उनकी टीम बाएं हाथ के प्रतिभाशाली स्पिनर अकील हुसैन से बेहतरीन प्रदर्शन की उम्मीद लगाए बैठी होगी। यह रोमांचक मुकाबला शाम के सात बजे से खेला जाएगा जिसके लिए दोनों टीमें अपनी तैयारियों को अंतिम रूप दे रही हैं।