अंडरपास के पास चल रहा था ठगी का खेल
शनिवार की सुबह ठीक 10 बजे पीपीगंज चौकी प्रभारी आदित्य सिंह को एक गुप्त सूचना मिली थी। सूचना में बताया गया कि कुछ संदिग्ध लोग गोलीगंज बाइपास मार्ग पर स्थित अंडरपास के पास मौजूद हैं। यह लोग वहां से गुजरने वाले सीधे-साधे लोगों को पीली धातु का प्रलोभन देकर ठगने की फिराक में थे। इस पुख्ता जानकारी पर तुरंत कार्रवाई करते हुए चौकी प्रभारी ने अपनी पुलिस टीम के साथ तय स्थान पर छापा मारा। पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर तुरंत पूरे इलाके की घेराबंदी शुरू कर दी ताकि कोई भी संदिग्ध व्यक्ति वहां से भागने में सफल न हो सके। पुलिस के वहां पहुंचते ही पता चला कि ये शातिर लोग एक महिला को अपनी बातों में उलझा रहे थे। वे उस महिला को कोई पीली वस्तु देकर उसके साथ धोखाधड़ी करने का पूरा प्रयास कर रहे थे। पुलिस कर्मियों ने अपनी मुस्तैदी दिखाते हुए तीनों आरोपितों को मौके पर ही दबोच लिया और हिरासत में ले लिया। इस प्रकार पुलिस की समय पर की गई कार्रवाई से एक बड़ा ठगी का प्रयास विफल हो गया और अपराधियों के मंसूबे धरे के धरे रह गए।
गिरफ्तार आरोपितों के पास से बरामद हुआ सामान
पुलिस हिरासत में लिए गए तीनों आरोपियों की पहचान की पुष्टि कर दी गई है। इनमें से एक का नाम ईश्वर राय है जो करन का पुत्र है और लखनऊ के हंसखेड़ा चौराहा स्थित मायावती कालोनी का रहने वाला है। दूसरा आरोपित भी करन है जो मोहन का पुत्र है और इसी पते यानी हंसखेड़ा चौराहा मायावती कालोनी लखनऊ का निवासी है। पकड़ी गई तीसरी आरोपी एक महिला है जिसका नाम दल्लो है और वह शंकर की पत्नी है जो कमिश्नरेट कानपुर के सचेन्डी पश्चिमी क्षेत्र के भीमसेन इलाके की रहने वाली है। जब पुलिस ने इन तीनों आरोपियों की मौके पर ही तलाशी ली तो उनके पास से कुल दो किलो पीली धातु बरामद हुई। इसके अलावा उनके पास से तीन मोबाइल फोन भी बरामद किए गए जिनका इस्तेमाल वे अपनी ठगी की वारदातों को अंजाम देने के लिए करते थे। जब पुलिस ने इनसे कड़ाई से पूछताछ की तो इन्होंने अपना जुर्म कबूल कर लिया। इन आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे लोगों को नकली या पीली धातु देकर उनके साथ ठगी करते थे और उनकी गाढ़ी कमाई हड़प लेते थे।
मुकदमा दर्ज कर गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश
पूछताछ के दौरान इन आरोपियों ने एक बड़ा खुलासा किया है कि उनके इस गिरोह में कई अन्य सदस्य भी शामिल हैं। गिरोह के बाकी सदस्य अलग-अलग जगहों और विभिन्न जिलों में फैले हुए हैं जो इस तरह के अवैध धंधे को चलाते हैं। चौकी प्रभारी आदित्य सिंह की लिखित तहरीर के आधार पर पीपीगंज थाने में इन तीनों आरोपियों के विरुद्ध गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब इस पूरे मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई तेजी से कर रही है और अदालत की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। स्थानीय पुलिस और जांच टीमें इस गिरोह के बाकी सदस्यों का सुराग लगाने का प्रयास कर रही हैं। पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि ये लोग अब तक किन-किन लोगों को अपना शिकार बना चुके हैं और इनके ठगी का पूरा तरीका क्या है। इस खुलासे के बाद से इलाके के लोगों में सुरक्षा को लेकर चर्चा है और पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है।