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लोक कला का पुनरुद्धार: छत्तीसगढ़ के ग्रामीण कलाकारों ने पारंपरिक ढोकरा शिल्प को दिया आधुनिक डिजिटल मंच

छत्तीसगढ़ के बस्तर संभाग के पारंपरिक ढोकरा शिल्पकारों ने एक नया वर्चुअल पोर्टल लॉन्च किया है, जिससे उनकी प्राचीन धातु कला सीधे वैश्विक खरीदारों तक पहुंच रही है।

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Kantap News डेस्क
18 अग 2026, 17:55
लोक कला का पुनरुद्धार: छत्तीसगढ़ के ग्रामीण कलाकारों ने पारंपरिक ढोकरा शिल्प को दिया आधुनिक डिजिटल मंच
छत्तीसगढ़ के बस्तर अंचल के आदिवासी बहुल इलाकों में सदियों से चली आ रही हस्तशिल्प कला 'ढोकरा कास्टिंग' अब आधुनिक तकनीक के साथ तालमेल बिठाकर नई ऊंचाइयों को छू रही है। क्षेत्र के युवा शिल्पकारों और स्वयं सहायता समूहों ने मिलकर एक विशेष डिजिटल ई-कॉमर्स पोर्टल की शुरुआत की है, जिससे बिना बिचौलियों के सीधे वैश्विक ग्राहकों तक पारंपरिक कलाकृतियां पहुंचाई जा रही हैं। इस पहल से न केवल कारीगरों की आर्थिक स्थिति में तेजी से सुधार हो रहा है, बल्कि विलुप्त होने की कगार पर पहुंची इस प्राचीन धातु कला को नया जीवन भी मिल रहा है।

पारंपरिक तकनीक और आधुनिक डिजाइन का संगम

ढोकरा शिल्प मूल रूप से मोम की लुप्तप्राय मोल्डिंग प्रक्रिया पर आधारित है, जिसमें पीतल और कांसे का उपयोग करके बेहद खूबसूरत मूर्तियां और घरेलू सजावट की वस्तुएं बनाई जाती हैं। आधुनिक दौर की मांग को ध्यान में रखते हुए कारीगरों ने अब पारंपरिक देवी-देवताओं की मूर्तियों के साथ-साथ समकालीन इंटीरियर डिजाइन के सामान औरॉ आधुनिक ऑफिस एक्सेसरीज का निर्माण भी शुरू कर दिया है। जिला प्रशासन और हस्तशिल्प बोर्ड के सहयोग से इन कलाकारों को पैकेजिंग और क्वालिटी कंट्रोल का विशेष प्रशिक्षण दिया गया है, जिससे उनके द्वारा बनाए गए उत्पादों की गुणवत्ता अंतरराष्ट्रीय मानकों पर खरी उतर रही है।

वैश्विक बाजार में बढ़ती मांग

इस डिजिटल पहल के लॉन्च होने के मात्र एक महीने के भीतर ही अमेरिका, यूरोप और जापान के कला प्रेमियों से लाखों रुपये के ऑर्डर मिल चुके हैं। महिला शिल्पकार संगीता बाई ने साझा किया कि पहले उन्हें अपनी बनाई एक मूर्ति बेचने के लिए स्थानीय बाजारों में हफ्तों इंतजार करना पड़ता था और मुनाफा बहुत कम मिलता था, लेकिन अब डिजिटल माध्यम से सीधा भुगतान मिलने के कारण उनके परिवार का जीवन स्तर काफी बेहतर हो गया है। राज्य सरकार इस मॉडल को अन्य जिलों के पारंपरिक कुटीर उद्योगों में भी लागू करने की योजना बना रही है।
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