ट्रेन में चेन पुलिंग के दौरान पकड़ा गया
झारखंड के साहिबगंज जिले की रेलवे सीमा के भीतर आरपीएफ यानी रेलवे सुरक्षा बल ने एक बांग्लादेशी नागरिक को हिरासत में लिया है। यह घटना गुरुवार की है जब आरोपी युवक ब्रह्मपुत्र मेल ट्रेन के सामान्य डिब्बे में सफर कर रहा था। आरोपी की पहचान छब्बीस वर्षीय मोहम्मद सुमन मियां के रूप में हुई है जो अवैध रूप से भारतीय सीमा के अंदर निवास कर रहा था। ट्रेन जब मिर्जाचौकी से साहिबगंज की तरफ आगे बढ़ रही थी तब डिब्बे के अंदर अचानक एक तेज झटका लगा। इस झटके से युवक का संतुलन पूरी तरह से बिगड़ गया और वह नीचे की ओर गिरने लगा। खुद को बचाने के प्रयास में उसने तुरंत पास में लगी आपातकालीन जंजीर यानी इमरजेंसी चेन को पकड़ लिया। चेन खींचने के कारण ट्रेन की गति रुक गई और वह थम गई। इसके बाद आरपीएफ के सुरक्षा कर्मियों ने तुरंत ट्रेन के डिब्बों की सघन तलाशी शुरू कर दी। सुरक्षा अधिकारियों को अपने नजदीक आते देख उसके बाकी तीन साथी मौके से फरार होने में सफल रहे। हालांकि मुख्य आरोपी मोहम्मद सुमन मियां सुरक्षा बलों के हाथों पकड़ा गया। आरपीएफ के जवानों ने उसे बरहड़वा स्टेशन पर ट्रेन से नीचे उतारा और बाद में साहिबगंज ले आए।
पहचान पत्र और कई देशों की मुद्राएं बरामद
साहिबगंज लाए जाने के बाद आरपीएफ के वरिष्ठ अधिकारियों ने पकड़े गए विदेशी युवक से गहन पूछताछ की। पूछताछ के दौरान उसकी तलाशी ली गई तो उसके पास से एक बांग्लादेशी पहचान पत्र बरामद हुआ। इसके अलावा उसके पास से दो मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं जिनका डेटा खंगाला जा रहा है। अधिकारियों को उसकी तलाशी में भारतीय करेंसी के साथ-साथ पड़ोसी देशों नेपाल और पाकिस्तान के नोट भी मिले हैं। इस कार्रवाई के बाद आरपीएफ ने उसे साहिबगंज जीआरपी यानी राजकीय रेलवे पुलिस थाने के हवाले कर दिया। जीआरपी थाने में उसके खिलाफ विधिवत मामला दर्ज कर लिया गया है और पुलिस आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी है। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए इंटेलिजेंस ब्यूरो यानी आईबी और स्थानीय पुलिस के अधिकारियों ने भी उससे लंबी पूछताछ की। पूछताछ के दौरान उसने कई महत्वपूर्ण जानकारियां साझा की हैं जो सुरक्षा एजेंसियों के लिए काफी अहम हैं। जीआरपी अधिकारियों ने पुष्टि की है कि कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद आज उसे अदालत के निर्देश पर जेल भेज दिया जाएगा। रेलवे पुलिस और खुफिया एजेंसियां उसके मोबाइल फोन और अन्य दस्तावेजों की गहराई से जांच कर रही हैं ताकि उसके नेटवर्क का पता चल सके।
श्रीनगर से गुवाहाटी जाने की थी योजना
आरपीएफ और खुफिया एजेंसियों की पूछताछ में आरोपी युवक ने अपनी गतिविधियों का पूरा विवरण दिया है। उसने बताया कि वह पिछले कुछ समय से अपने उन्नीस साथियों के साथ कश्मीर के श्रीनगर में रह रहा था। श्रीनगर में वे सभी लोग मिलकर कबाड़ का व्यवसाय यानी काम करते थे। मौजूदा समय में उस क्षेत्र से बांग्लादेशी नागरिकों को बाहर निकाला जा रहा है इसलिए उसने वहां से निकलने का फैसला किया। वह अपने तीन अन्य साथियों के साथ श्रीनगर से चलकर दिल्ली पहुंचा था और वहां से ट्रेन में सवार हुआ था। दिल्ली से उसने ब्रह्मपुत्र मेल ट्रेन पकड़ी थी और उसका मुख्य इरादा गुवाहाटी तक जाने का था। गुवाहाटी पहुंचने के बाद उसकी योजना वहां से अवैध रास्ते से वापस अपने देश बांग्लादेश लौटने की थी। लेकिन रास्ते में साहिबगंज के पास चेन खींचने की घटना के कारण उसकी यह पूरी योजना विफल हो गई। सुरक्षा एजेंसियां अब यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि देश के विभिन्न हिस्सों में ऐसे कितने और अवैध नागरिक छिपे हुए हैं। इस गिरफ्तारी के बाद क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था और अधिक कड़ी कर दी गई है तथा खुफिया तंत्र को भी पूरी तरह से सतर्क कर दिया गया है।