अमौसी हवाई अड्डे पर चिकित्सीय आपातकाल के कारण विमान का डायवर्जन बैंकॉक से नई दिल्ली के लिए उड़ान भरने वाले इंडिगो एयरलाइंस के एक विमान में उस समय अफरातफरी मच गई जब सफर के दौरान अचानक एक मुसाफिर की तबीयत अत्यंत गंभीर हो गई। केबिन क्रू के सदस्यों ने तुरंत स्थिति को भांपते हुए पायलट को इस बात से अवगत कराया जिसके बाद विमान को निकटतम और सबसे सुरक्षित विकल्प के रूप में लखनऊ के चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की तरफ मोड़ दिया गया। हवाई अड्डा प्रशासन और एयरलाइन अधिकारियों के आपसी तालमेल के कारण विमान को लखनऊ में प्राथमिकता के आधार पर उतरने की अनुमति मिल गई। विमान के जमीन पर उतरते ही पहले से तैयार खड़ी मेडिकल टीम और एम्बुलेंस सेवा हरकत में आ गई और फौरन उस बीमार मुसाफिर को विमान के भीतर से निकालकर उपचार के लिए शहर के एक प्रतिष्ठित अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां डॉक्टरों की देखरेख में उसका इलाज किया जा रहा है।
लंबी दूरी की उड़ानों में स्वास्थ्य संबंधी आकस्मिक संकट और प्रोटोकॉल अंतरराष्ट्रीय और लंबी दूरी की व्यावसायिक उड़ानों में इस प्रकार के चिकित्सीय संकट कभी-कभी उत्पन्न हो जाते हैं जिनके लिए विमानन कंपनियों और हवाई अड्डों को हमेशा तैयार रहना पड़ता है। जब कोई यात्री हवा में सफर के दौरान अचानक गंभीर रूप से बीमार पड़ता है, तो उड़ान कर्मियों को बेहद कम समय में कड़े प्रोटोकॉल का पालन करते हुए जीवन रक्षा के उपाय करने होते हैं। इस पूरी प्रक्रिया में पायलट, एयर ट्रैफिक कंट्रोल और गंतव्य या मार्ग में पड़ने वाले हवाई अड्डों के बीच बेहद सटीक संवाद की आवश्यकता होती है ताकि बिना किसी एक पल की देरी के विमान को जमीन पर उतारा जा सके। इस प्रकार की घटनाओं से यह भी स्पष्ट होता है कि आधुनिक विमानन क्षेत्र में यात्रियों की सुरक्षा और स्वास्थ्य सेवाएं कितनी प्राथमिकता रखती हैं और किसी भी अप्रत्याशित संकट से निपटने के लिए जमीनी स्तर पर कितनी मजबूत बुनियादी तैयारियां हमेशा मौजूद रहनी चाहिए।
अस्पताल में जारी इलाज और विमान की आगामी यात्रा की स्थिति लखनऊ के अस्पताल में भर्ती कराए गए यात्री की वर्तमान चिकित्सीय स्थिति के बारे में डॉक्टरों की टीम लगातार निगरानी रख रही है और उसके स्वास्थ्य में सुधार लाने के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं। दूसरी ओर, इस आपातकालीन लैंडिंग के बाद इंडिगो एयरलाइंस के तकनीकी और ग्राउंड स्टाफ ने विमान की आवश्यक जांच पूरी की ताकि शेष यात्रियों को सुरक्षित रूप से उनके गंतव्य दिल्ली तक पहुंचाया जा सके। इस अप्रत्याशित घटना की वजह से यात्रा के समय में जरूर कुछ घंटों की देरी हुई, लेकिन सुरक्षा और स्वास्थ्य को सर्वोपरि रखते हुए उठाए गए इस कदम की सभी संबंधित पक्षों द्वारा सराहना की जा रही है। एयरलाइन प्रबंधन ने भी बाकी सभी यात्रियों को हुई असुविधा के लिए खेद जताते हुए उन्हें हरसंभव सहायता प्रदान करने का आश्वासन दिया है ताकि वे बिना किसी अन्य बाधा के अपनी मंजिल की ओर आगे बढ़ सकें।