पंजीकरण प्रक्रिया और समय
अस्सी करोड़ रुपये के म्यूनिसिपल बॉन्ड को हासिल करने की दिशा में बुधवार की रात ग्यारह बजे के आसपास एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया। इस तय समय सीमा के भीतर भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड यानी सेबी के पोर्टल पर गोरखपुर नगर निगम का आधिकारिक पंजीकरण संपन्न हो गया। इस बड़ी उपलब्धि के साथ ही यह निकाय उत्तर प्रदेश राज्य का सातवां ऐसा नगर निगम बन चुका है जो सेबी के साथ पंजीकृत हुआ है। इस पूरी कार्यवाही के दौरान विभिन्न वित्तीय संस्थाओं और कंसलटेंट फर्मों के प्रतिनिधि सक्रिय रूप से शामिल रहे। बॉन्ड कंसलटेंट के रूप में अनुराग अरुण ने अपनी सेवाएं दीं। मर्चेंट बैंकर्स एके कैपिटल की तरफ से सचिन झा ने अपनी भूमिका निभाई। टिप्सन संस्थान से निखिल, अभिनव श्रीवास्तव और सौरभ अग्रवाल ने भी इस प्रक्रिया में सहयोग प्रदान किया। इसके अलावा लॉ फर्म राजरानी भल्ला की तरफ से मेघना सिंह ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। लेखाधिकारी नागेंद्र सिंह ने भी इस पूरी प्रक्रिया के दौरान अहम योगदान दिया और सभी ने मिलकर एक दूसरे को इस सफलता पर बधाई दी।
वित्तीय स्थिति और रेटिंग
पंजीकरण की कार्यवाही सफलतापूर्वक पूरी होने की सूचना तुरंत महापौर डॉ मंगलेश श्रीवास्तव और नगर आयुक्त अजय जैन तक पहुंचाई गई। महापौर और नगर आयुक्त ने बॉन्ड पंजीकरण के लिए बनाई गई विशेष टीम के सभी सदस्यों को अपनी तरफ से हार्दिक शुभकामनाएं दीं। लेखाधिकारी नागेंद्र सिंह ने इस संबंध में विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि अस्सी करोड़ रुपये के इस महत्वपूर्ण बॉन्ड के लिए पहले ही डबल ए क्रेडिट रेटिंग प्राप्त हो चुकी है। इसके साथ ही वित्तीय लेनदेन को सुचारू रूप से चलाने के लिए एचडीएफसी बैंक में एस्क्रो खाता सहित सभी जरूरी बैंक खाते पहले ही खोले जा चुके हैं। अब चूंकि सेबी में पंजीकरण की सारी औपचारिकताएं पूरी हो चुकी हैं, इसलिए बहुत जल्द ही नगर निगम के इस निर्धारित एस्क्रो खाते में अस्सी करोड़ रुपये की पूरी राशि स्थानांतरित होकर आ जाएगी। लेखाधिकारी ने यह भी स्पष्ट किया कि टीम लगातार पूरी तल्लीनता के साथ अपने काम में जुटी हुई है। जरूरी दस्तावेजों को तैयार करने और उन्हें पूरा करने की प्रक्रिया को काफी तेज गति से आगे बढ़ाया जा रहा है ताकि आगे के काम बिना किसी रुकावट के पूरे किए जा सकें।
भविष्य की योजनाएं और लिस्टिंग
सेबी में पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब बॉन्ड जारी करने की दिशा में आगे की औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं। नगर निगम के अधिकारियों द्वारा दी गई आधिकारिक जानकारी के अनुसार इस बॉन्ड के माध्यम से जुटाई जाने वाली पूरी धनराशि का उपयोग एक बड़े विकास कार्य में किया जाएगा। इस पैसे से जलकल भवन परिसर के भीतर एक नया और आधुनिक व्यावसायिक परिसर विकसित करने की पूरी योजना तैयार की गई है। धनराशि प्राप्त होने के बाद अगली कड़ी के रूप में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कर-कमलों द्वारा बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज में इस म्यूनिसिपल बॉन्ड की आधिकारिक लिस्टिंग कराई जाएगी। खास बात यह है कि यह पूरा मुख्य आयोजन किसी अन्य स्थान पर नहीं बल्कि गोरखपुर से ही संचालित किया जाएगा। इस प्रकार यह परियोजना न केवल नगर निगम की वित्तीय स्थिति को मजबूत करेगी बल्कि स्थानीय स्तर पर व्यावसायिक विकास के नए रास्ते भी खोलेगी। टीम के सभी अधिकारी और कर्मचारी इस पूरी योजना को सफल बनाने के लिए लगातार समन्वय बनाकर काम कर रहे हैं और प्रत्येक चरण को समयबद्ध तरीके से पूरा किया जा रहा है।