Lucknow Desk : नेपाल व पहाड़ी इलाके में लगातार हो रही बारिश के चलते उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले ने घाघरा खतरे के निशान से 45 सेंटीमीटर ऊपर पहुंच गई है। जिसके चलते में गोंडा जिले 15 हजार की आबादी प्रभावित हो गई। तरबगंज तहसील व करनैलगंज एक एक दर्जन गांव प्रभावित है। जिसको देखते हुए प्रभारी व कैबिनेट मंत्री आशीष पटेल पहुंचे डीएम प्रियंका निरंजन तरबगंज स्थानीय विधायक प्रेम नारायण पांडे के साथ तरबगंज तहसील क्षेत्र के बाढ़ प्रभावित क्षेत्र ऐली परसौली पहुंचे। जहां पर बाढ़ पीड़ितों से मुलाकात करके बाढ़ पीड़ितों की समस्या जानी है।
मंत्री आशीष पटेल ने डीएम और तरबगंज विधायक के साथ मिलकर 500 बाढ़ पीड़ितों को राहत सामग्री का वितरण किया है इसके साथ ही साथ 6 लोगों को उनके जमीनों के कटान को लेकर के पांच 5000-5000 की आर्थिक मदद की उपलब्ध कराई है। राहत सामग्री वितरण आर्थिक मदद उपलब्ध करवाने के बाद प्रभारी मंत्री ने बाढ़ पीड़ितों का आश्वासन दिया है योगी सरकार में किसी प्रकार की दिक्कत नहीं होने दी जाएगी। उसके बाद बाढ़ प्रभावित गांव जाकर के वहां का भी दौरा किया है। इस पूरे कार्यक्रम के दौरान मंत्री आशीष पटेल ने अधिकारियों को निर्देश दिया है की बाढ़ पीड़ितों को किसी प्रकार की दिक्कत नहीं होनी चाहिए हर संभव मदद उपलब्ध कराई जाए। वही प्रभारी मंत्री अशीष पटेल ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि जिला प्रशासन ने उन लाभार्थियों को चयनित किया है जो वास्तव में बाढ़ से पीड़ित है आज हमने यहां पर इन लोगों को बाढ़ राहत सामग्री दिया है।
डीएम और उनकी टीम ने एक अभिनव प्रयास करते हुए छाता, टॉर्च और मच्छरदानी का भी वितरण किया गया है यह राहत सामग्री अलग है इसे इन्होंने CSR के माध्यम से वितरित किया है। भारतीय जनता पार्टी और हमारे पार्टी के सभी कार्यकर्ता लगातार बाढ़ पीड़ितों की मदद में लगे हुए हैं। नेपाल से जो पानी आता है उसमें स्पीड बहुत होती है इसलिए बाढ़ यहां पर आती है मैं निश्चित रूप से कहूंगा की प्रकृति से कोई नहीं लड़ पाया है। सरकार इसको रोकने के लिए लगातार लगी हुई है कि किसी भी प्रकार की जनमानस को कोई पीड़ा ना हो वही स्थाई निजात के आश्वासन दिए जाने पर मंत्री ने कहा कि मैं आश्वासन वाला मंत्री नहीं हूं मैं तो परिणाम देने वाले लोग हूं आश्वासन वाली सरकार 2017 तक थी। यहां की समस्याओं को सीएम के संज्ञान में लाएंगे।