Lucknow Desk: समाजवादी पार्टी में लोहिया ट्रस्ट की जिम्मेदारी शिवपाल यादव से वापस लिए जाने के मुद्दे पर सियासत तेज हो गई है। योगी सरकार के मंत्री नरेंद्र कश्यप ने सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें शिवपाल यादव से डर लग गया है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि कहीं शिवपाल यादव अपनी अलग पार्टी चलाना शुरू न कर दें, इसी वजह से उनसे जिम्मेदारी छीनी गई है। मंत्री नरेंद्र कश्यप ने कहा कि अखिलेश यादव को शिवपाल यादव की राजनीतिक ताकत का अंदाजा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सपा अध्यक्ष को इस बात का डर है कि शिवपाल यादव अगर संगठन में सक्रिय होकर अपनी राजनीतिक गतिविधियां बढ़ाते हैं तो पार्टी के भीतर उनकी स्थिति मजबूत हो सकती है।
गन्ना मूल्य के मुद्दे पर भी अखिलेश को घेरा सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव की ओर से गन्ना मूल्य को लेकर दिए गए बयान पर भी नरेंद्र कश्यप ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव को अपनी सरकार के कार्यकाल को याद करना चाहिए। उस समय किसानों का कितना गन्ना भुगतान बकाया था, यह सभी जानते हैं। मंत्री ने दावा किया कि योगी सरकार ने पुराने बकाए का भी भुगतान कराया है।
जयंत चौधरी के बयान का किया समर्थन राष्ट्रीय लोकदल के नेता जयंत चौधरी के बयान पर नरेंद्र कश्यप ने कहा कि वह पूर्व प्रधानमंत्री चौधरी चरण सिंह के पौत्र हैं और उन्हें अखिलेश यादव के शासनकाल की जानकारी है। मंत्री ने कहा कि इसी वजह से जयंत चौधरी ने यह बात कही होगी कि अखिलेश यादव को खड़े होने की जगह नहीं मिलेगी। रैली रद्द होने पर भी साधा निशाना पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अखिलेश यादव की रैली रद्द होने को लेकर भी मंत्री ने बयान दिया। उन्होंने दावा किया कि क्षेत्र में जाट बिरादरी और किसान लठ लेकर बैठे हैं, जिसके चलते अखिलेश यादव डर गए और उनकी रैली रद्द हो गई। नरेंद्र कश्यप के इन बयानों से उत्तर प्रदेश की सियासत में लोहिया ट्रस्ट, किसान मुद्दों और सपा की राजनीतिक रणनीति को लेकर बहस और तेज होने के आसार हैं।