समझौते के मुख्य बिंदु और दायरे
साइगॉन- हनोई कमर्शियल जॉइंट स्टॉक बैंक ने ह्यू विश्वविद्यालय के साथ मिलकर आपसी सहयोग बढ़ाने का बड़ा निर्णय लिया है। दोनों संस्थाओं के बीच हुए इस समझौते का मुख्य लक्ष्य उच्च कोटि की प्रतिभाओं को तैयार करना और शिक्षा प्रणाली को जमीनी हकीकत के साथ जोड़ना है। इस साझेदारी के माध्यम से डिजिटल बदलाव, विज्ञान, तकनीकी अनुसंधान और सामाजिक दायित्वों जैसे विभिन्न पहलुओं पर विशेष जोर दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त बैंक की तरफ से विद्यार्थियों के लिए व्यावहारिक प्रशिक्षण, इंटर्नशिप के अवसर और रोजगार से जुड़े मार्गदर्शन कार्यक्रम चलाए जाएंगे। ये तमाम गतिविधियां दोनों पक्षों की वास्तविक जरूरतों को ध्यान में रखकर तय की जाएंगी ताकि सीखने वालों को श्रम बाजार की मौजूदा मांग की सटीक जानकारी मिल सके। इसके जरिए युवाओं को पेशेवर माहौल में काम करने का बेहतरीन अनुभव प्राप्त होगा और उनके हुनर में निखार आएगा। इस पहल से विद्यार्थियों के साथ-साथ संकाय सदस्यों को भी आधुनिक वैज्ञानिक पद्धतियों और बैंकिंग क्षेत्र की कार्यप्रणाली को बहुत नजदीक से समझने का अवसर मिलेगा।
कृत्रिम बुद्धिमत्ता और वित्तीय सेवाएं
इस सहयोगात्मक पहल के तहत आधुनिक तकनीकी शोध और विशेषकर कृत्रिम बुद्धिमत्ता के अनुप्रयोग पर सबसे अधिक ध्यान केंद्रित किया गया है। दोनों पक्षों ने डेटा विज्ञान और एआई से जुड़े विषयों पर संयुक्त रूप से कार्यशालाएं आयोजित करने और विशेषज्ञों का आदान-प्रदान करने की योजना बनाई है। इसके अलावा विश्वविद्यालय प्रबंधन, शिक्षण विधियों और बैंकिंग संचालन में मददगार साबित होने वाले सॉफ्टवेयर और अन्य तकनीकी समाधानों का परीक्षण किया जाएगा। बैंक और विश्वविद्यालय के विशेषज्ञ मिलकर विशेष शोध परियोजनाओं को आगे बढ़ाएंगे और पायलट उत्पादों का निर्माण करेंगे। इसी दौरान एक विशेष समारोह के अवसर पर बैंक की तरफ से ह्यू विश्वविद्यालय के छात्रवृत्ति कोष में 2 अरब वीएनडी की राशि दान स्वरूप प्रदान की गई। इसके तुरंत बाद इंजीनियरिंग और प्रौद्योगिकी विद्यालय के गठन की घोषणा के समय जरूरतमंद विद्यार्थियों की मदद के लिए 100 मिलियन वीएनडी की अतिरिक्त राशि भी दी गई। इन वित्तीय सहायताओं का उद्देश्य गरीब पृष्ठभूमि के मेधावी युवाओं को अपनी पढ़ाई जारी रखने और अपने करियर को बेहतर बनाने के लिए अनुकूल परिस्थितियां उपलब्ध कराना है।
दीर्घकालिक लक्ष्य और पिछला अनुभव
अपने गठन के 33 वर्ष पूरे कर चुका यह बैंक हमेशा से कुशल कर्मियों के विकास और उन्हें प्रशिक्षित करने पर विशेष जोर देता आया है। इसी रणनीति के तहत संस्थान ने देश भर के हनोई राष्ट्रीय विश्वविद्यालय, हो ची मिन्ह सिटी राष्ट्रीय विश्वविद्यालय और राष्ट्रीय अर्थशास्त्र विश्वविद्यालय समेत कई प्रतिष्ठित उच्च शिक्षण संस्थानों के साथ मजबूत रिश्ते बनाए हैं। बैंक के अधिकारियों का मानना है कि मानव संसाधन ही संस्थान की सबसे बड़ी ताकत है और डिजिटल तकनीक प्रगति का मुख्य जरिया है। इस नए जुड़ाव के माध्यम से संस्थान शैक्षणिक गतिविधियों और व्यावसायिक आवश्यकताओं के बीच की दूरी को पाटने का प्रयास कर रहा है। इसके साथ ही बैंक छात्रों के लिए बुनियादी ढांचे के विकास, स्कूल के निर्माण और विभिन्न प्रकार के उपकरणों की व्यवस्था जैसे सामाजिक कल्याण के कार्य भी लगातार कर रहा है। पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास के क्षेत्र में भी बैंक की गतिविधियां निरंतर जारी हैं। इन तमाम साझेदारियों का उद्देश्य वित्तीय क्षेत्र के व्यावहारिक अनुभव और उच्च शिक्षा संस्थानों की शैक्षणिक क्षमता को मिलाकर समाज के लिए अधिक से अधिक वास्तविक मूल्य का निर्माण करना है।