कंटाप
NEWS
शुक्रवार, 23 अक्तूबर 2026
Follow Us
ब्रेकिंग
तिब्बत में आए शक्तिशाली भूकंप में कम से कम 16 लोगों की मौत, सैकड़ों ज़ख़्मी      'इतना अन्याय किसी परिवार के ऊपर नहीं हुआ होगा...', अखिलेश यादव ने आजम खान के लिए ऐसा क्यों कहा?      गोल्डी ने कहा था- घर गिरा दो, वापस नहीं आऊंगा: लॉरेंस के साथ गैंगस्टर बना, अमेरिका को तलाश; पंजाब में घर खा...      यूपी: विधान परिषद की 11 सीटों के लिए वोटिंग आज, 72 जिलों में 14.81 लाख मतदाता करेंगे अपने मताधिकार का प्रयोग      पोलिश PM भारत आए,मोदी ने ‘गुड महाराजा’ का जिक्र किया: दूसरे विश्व युद्ध के बाद उन्होंने पोलैंड के 1,000 बच्...      टाइगर श्रॉफ फायरिंग केस: कोर्ट में फूट-फूटकर रोई राधा, अब पुलिस उगलवाएगी राज      दो चुनाव आयुक्तों की शिकायत पर कैबिनेट सचिव ने क्यों नहीं लिया एक्शन, RTI में खुलासा      कौन हैं निर्मला सीतारमण के पति परकला प्रभाकर जो प्रकाश राज और अभिजीत दिपके साथ CJP का प्रदर्शन में शामिल होंगे     
SENSEX लोड हो रहा... | NIFTY लोड हो रहा... | GOLD (10g) ₹— | SILVER (10g) ₹— | USD/INR ₹— | CRUDE OIL $— | Uttar Pradesh — लोड हो रहा है | --:--:-- | लाइव अपडेट
@NewsKantap:
विदेश

राजनयिक अनिश्चितता: ढाका और दिल्ली के बीच बैठकों के बावजूद तारीखों पर असमंजस बरकरार

बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान की प्रस्तावित भारत यात्रा को लेकर ढाका और नई दिल्ली के बीच बैठकों का दौर जारी है, लेकिन तारीखें अभी भी अनिश्चित हैं।

X
Kantap News डेस्क
16 अग 2026, 18:23
राजनयिक अनिश्चितता: ढाका और दिल्ली के बीच बैठकों के बावजूद तारीखों पर असमंजस बरकरार
बांग्लादेश के प्रधानमंत्री तारिक रहमान के संभावित भारत दौरे को लेकर कूटनीतिक स्तर पर गहन विचार-विमर्श चल रहा है, लेकिन दोनों देशों के बीच यात्रा की पक्की तारीखों को लेकर अभी भी असमंजस की स्थिति बनी हुई है। हाल ही में हुए सत्ता परिवर्तन और पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना से जुड़े राजनीतिक घटनाक्रमों के बाद से दोनों पड़ोसी देशों के बीच रिश्तों के नए समीकरण तय किए जा रहे हैं। नई दिल्ली और ढाका के अधिकारी द्विपक्षीय वार्ताओं के माध्यम से सभी संवेदनशील मुद्दों को सुलझाने का प्रयास कर रहे हैं ताकि इस उच्च स्तरीय यात्रा की रूपरेखा तैयार की जा सके।

द्विपक्षीय संबंधों के नए आयाम

इस यात्रा का मुख्य उद्देश्य दोनों देशों के बीच आर्थिक सहयोग, सीमा सुरक्षा और व्यापारिक समझौतों को और अधिक मजबूत करना है। हालांकि, पिछली सरकार के पतन के बाद से उपजे राजनीतिक तनाव और शरणार्थी संबंधी चर्चाओं ने कूटनीतिक रिश्तों में थोड़ी सावधानी बरतने की जरूरत पैदा कर दी है। दोनों पक्षों के राजनयिक लगातार संपर्क में हैं ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि यात्रा के दौरान किसी भी विवादित विषय पर असहमति न उभरे और आपसी विश्वास को बढ़ावा देने वाले ठोस कदम उठाए जाएं।

आगामी बैठकों का महत्व

आने वाले कुछ हफ्तों में होने वाली उच्च स्तरीय बैठकों से यह तस्वीर साफ होने की उम्मीद है कि यह बहुप्रतीक्षित दौरा कब आयोजित किया जाएगा। भारत हमेशा से अपने पड़ोसियों के साथ स्थिर और सहयोगात्मक संबंध बनाए रखने के पक्ष में रहा है, और ढाका की नई सरकार भी कूटनीतिक संतुलन साधने की कोशिश कर रही है। क्षेत्रीय स्थिरता और शांति के लिहाज से इस यात्रा का सफल होना दोनों ही देशों के लिए बेहद महत्वपूर्ण साबित होगा।
कंटाप
NEWS
होम 🇮🇳 देश 🗺️ राज्य 🌍 विदेश 🏛️ राजनीति 💼 व्यापार 🏏 खेल 🎬 मनोरंजन 💻 टेक्नोलॉजी 🏥 स्वास्थ्य 📚 शिक्षा 🕉️ धर्म वीडियो राशिफल खोज