जो US लगा रहा था एक्स्ट्रा टैरिफ, अब वही पढ़ रहा कसीदे; भारत की तेल आयात नीति पर क्या बोले मार्को रुबियो
‘उतनी तो श्रीहरिकोटा से लॉन्चिंग नहीं होती जितनी...', PM मोदी ने कांग्रेस पर कसा जोरदार तंज; जानें और क्या
फ़्रांस के राष्ट्रपति विदेशी नेताओं पर भड़के, 'इस्लामी और प्रवासी भीड़' के आरोप पर दिया जवाब
असम सरकार का बड़ा फैसला, रिटायरमेंट से 1 साल पहले शुरू होगी पेंशन की प्रक्रिया
टाइगर श्रॉफ फायरिंग केस: कोर्ट में फूट-फूटकर रोई राधा, अब पुलिस उगलवाएगी राज
सऊदी अरब में दो बांग्लादेशियों को मौत की सज़ा दिए जाने से जुड़े वे सवाल जो हैं अनसुलझे
ज्ञानेश कुमार पर आर-पार, इस बार बीजेपी भी तैयार... SIR पर आज फिर छिड़ेगा संग्राम!
‘भारत हम सभी के लिए उम्मीद की किरण’, पोलैंड के प्रधानमंत्री ने की PM मोदी की जमकर तारीफ
SENSEX लोड हो रहा...| NIFTY लोड हो रहा...| GOLD (10g) ₹—| SILVER (10g) ₹—| USD/INR ₹—| CRUDE OIL $—|Uttar Pradesh — लोड हो रहा है|--:--:--| लाइव अपडेट
प्रमुख सुर्खियां: ब्रिक्स सम्मेलन से बदली दिल्ली की सूरत और जोमैटो का ग्राहकों को बड़ा झटका
देश और दुनिया की आज की मुख्य खबरों में राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली का बदला हुआ स्वरूप, राजनीतिक गलियारों से आ रही बड़ी हलचल और खाद्य वितरण सेवा प्रदाता जोमैटो के फैसलों ने लोगों का ध्यान खींचा है।
A
Ankit Yadav
13 सित 2026, 11:49
आज के समय में देश भर के प्रमुख समाचारपत्रों और मीडिया मंचों पर कई ऐसे घटनाक्रम चर्चा में बने हुए हैं जिनका सीधा असर आम जनता की जिंदगी और देश की राजनीति पर पड़ रहा है। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में आयोजित होने वाले या हो चुके ब्रिक्स सम्मेलन के प्रभाव से शहर के बुनियादी ढांचे, सुंदरता और प्रबंधन में एक अभूतपूर्व बदलाव देखने को मिला है। वैश्विक स्तर के इस बड़े आयोजन की वजह से प्रशासन ने सुरक्षा और सौंदर्यीकरण के मोर्चे पर विशेष ध्यान दिया, जिससे दिल्ली की पूरी तस्वीर ही बदली हुई नजर आ रही है। मेहमानों के स्वागत और अंतरराष्ट्रीय मानकों को ध्यान में रखते हुए किए गए इन व्यापक बदलावों ने स्थानीय निवासियों और आगंतुकों दोनों को ही काफी प्रभावित किया है।
राजनीतिक गलियारों की हलचल और व्यापारिक झटके
दूसरी ओर, राजनीतिक मोर्चे पर भी बड़ी खबरें सामने आ रही हैं, जिनमें वरिष्ठ नेता हरीश रावत द्वारा अपना पद छोड़ने की अटकलों या घोषणाओं ने सियासी सरगर्मी बढ़ा दी है। कांग्रेस पार्टी और उत्तराखंड की राजनीति के जाने-माने चेहरे रहे हरीश रावत के इस कदम से राजनीतिक विश्लेषक भविष्य के समीकरणों को टटोलने में जुट गए हैं। पार्टी के भीतर और बाहर इस बात पर गहरी चर्चा हो रही है कि उनके इस निर्णय के क्या दूरगामी परिणाम होंगे और संगठन पर इसका किस प्रकार का प्रभाव पड़ेगा। ऐसे समय में जब राजनीतिक दल आगामी रणनीतियों को अंतिम रूप देने में लगे हैं, इस तरह के घटनाक्रम विशेष महत्व रखते हैं।
उपभोक्ताओं पर असर और बाजार के नए घटनाक्रम
व्यापार जगत की बात करें तो लोकप्रिय ऑनलाइन फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म जोमैटो ने अपने ग्राहकों को एक बड़ा झटका दिया है। कंपनी की ओर से शुल्क, नीतियों या सेवाओं में किए गए हालिया बदलावों के कारण आम उपभोक्ताओं की जेब पर अतिरिक्त बोझ पड़ना तय माना जा रहा है। तकनीक और ऑनलाइन बाजार के इस दौर में फूड डिलीवरी ऐप्स हमारे दैनिक जीवन का एक अहम हिस्सा बन चुके हैं, ऐसे में इन प्लेटफॉर्म्स द्वारा लिए जाने वाले फैसले सीधे तौर पर आम आदमी के मासिक बजट को प्रभावित करते हैं। ग्राहकों के बीच इसको लेकर मिली-जुली प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है और सोशल मीडिया पर भी इस बात की खासी चर्चा हो रही है।
इन सभी समसामयिक घटनाओं ने मिलकर आज के समाचार चक्र को पूरी तरह से घेर रखा है। चाहे वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश की राजधानी का चमकता हुआ नया स्वरूप हो, राजनीतिक दिग्गजों के महत्वपूर्ण फैसले हों या फिर रोजमर्रा की जिंदगी से जुड़े तकनीकी व व्यापारिक मंचों के निर्णय, हर खबर अपने आप में एक अलग और व्यापक महत्व रखती है। आने वाले दिनों में इन सभी मुद्दों के और अधिक परिणाम सामने आने की उम्मीद है, जिन पर जनता और विशेषज्ञों दोनों की पैनी नजर बनी हुई है।