सुजौलिया गांव में सुबह-सुबह हुआ खूनी हमला
हृदय विदारक घटना सीतापुर जिले के कमलापुर थाना क्षेत्र स्थित सुजौलिया गांव की है, जहां शुक्रवार की सुबह एक बुजुर्ग महिला पर अचानक कुल्हाड़ी से वार कर दिया गया। मृतका की पहचान साठ वर्षीय रामदेवी के रूप में हुई है, जो स्वर्गीय श्रीराम की पत्नी थीं। सुबह के वक्त रामदेवी किसी कार्य से दीपू के घर पर आई हुई थीं। इसी दौरान वहां मौजूद प्रदीप उर्फ समदू अपने घर से बाहर निकलकर आया और उसने बिना किसी पूर्व चेतावनी के रामदेवी पर कुल्हाड़ी से प्रहार करना शुरू कर दिया। हमले की तीव्रता इतनी अधिक थी कि बुजुर्ग महिला को संभलने का बिल्कुल मौका नहीं मिला और उन्होंने घटनास्थल पर ही दम तोड़ दिया। इस अचानक हुए खूनी संघर्ष के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई और आसपास के ग्रामीण तुरंत मौके की तरफ दौड़ पड़े। सुबह के शांत वातावरण में अचानक मचे इस कोहराम से हर कोई स्तब्ध रह गया और लोगों की भारी भीड़ वहां एकत्र हो गई। परिवार के सदस्यों और ग्रामीणों ने तुरंत घटना की सूचना स्थानीय पुलिस थाने को दी, जिसके बाद प्रशासनिक अमले में हड़कंप मच गया और पुलिस बल तुरंत घटनास्थल के लिए रवाना हो गया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई और अधिकारियों का मुआयना
वारदात की सूचना मिलते ही कमलापुर थाने के प्रभारी इतुल चौधरी अपनी पूरी टीम और पुलिस बल के साथ तुरंत सुजौलिया गांव पहुंच गए। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए हमलावर प्रदीप उर्फ समदू को तुरंत अपनी हिरासत में ले लिया ताकि आगे की कानूनी प्रक्रिया को तेजी से पूरा किया जा सके। इसके बाद स्थिति की गंभीरता को देखते हुए सिधौली के क्षेत्राधिकारी वेदप्रकाश श्रीवास्तव ने भी घटनास्थल का दौरा किया और बारीकी से मुआयना किया। पुलिस अधिकारियों ने मौके पर मौजूद लोगों से बातचीत करके घटना के बारे में जानकारी जुटाई और साक्ष्य एकत्रित किए। शुरुआती जांच के दौरान पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आखिर किस वजह से इस जानलेवा हमले को अंजाम दिया गया। हिरासत में लिए गए आरोपी से पुलिस लगातार पूछताछ कर रही है और उसके बर्मन को दर्ज किया जा रहा है। क्षेत्राधिकारी ने घटनास्थल का निरीक्षण करने के बाद मातहतों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए और मामले में सख्त कानूनी कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। गांव में सुरक्षा और शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल को तैनात कर दिया गया है ताकि किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके और कानून व्यवस्था पूरी तरह नियंत्रण में रहे।
मानसिक स्थिति का जिक्र और मामले की आगे की जांच
घटना के बाद ग्रामीणों ने पूछताछ के दौरान पुलिस को बताया कि आरोपी प्रदीप की मानसिक स्थिति ठीक नहीं रहती है। स्थानीय लोगों के मुताबिक वह पिछले कई वर्षों से अपने घर से बाहर बहुत कम निकलता था और उसका व्यवहार सामान्य नहीं था। हालांकि ग्रामीणों के इन बदावों के बावजूद पुलिस किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले सभी पहलुओं की वैज्ञानिक और तकनीकी जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि वारदात के वास्तविक कारणों की अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है और इस दिशा में गहराई से तहकीकात जारी है। मृतका के शव को कब्जे में लेकर पुलिस ने आगे की विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने का इंतजार किया जा रहा है ताकि मौत के सटीक कारणों की पुष्टि हो सके। इस दुखद हादसे के बाद से सुजौलिया गांव के लोगों में शोक की लहर दौड़ गई है और हर कोई इस बात से हैरान है कि आखिर ऐसा क्या हुआ जो इतना बड़ा कदम उठाया गया। पुलिस का पूरा जोर इस बात पर है कि मामले की हर एक कड़ी को जोड़कर सच तक पहुंचा जाए और दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।