कंटाप
NEWS
शुक्रवार, 23 अक्तूबर 2026
Follow Us
ब्रेकिंग
जो US लगा रहा था एक्स्ट्रा टैरिफ, अब वही पढ़ रहा कसीदे; भारत की तेल आयात नीति पर क्या बोले मार्को रुबियो      ‘उतनी तो श्रीहरिकोटा से लॉन्चिंग नहीं होती जितनी...', PM मोदी ने कांग्रेस पर कसा जोरदार तंज; जानें और क्या      फ़्रांस के राष्ट्रपति विदेशी नेताओं पर भड़के, 'इस्लामी और प्रवासी भीड़' के आरोप पर दिया जवाब      असम सरकार का बड़ा फैसला, रिटायरमेंट से 1 साल पहले शुरू होगी पेंशन की प्रक्रिया      टाइगर श्रॉफ फायरिंग केस: कोर्ट में फूट-फूटकर रोई राधा, अब पुलिस उगलवाएगी राज      सऊदी अरब में दो बांग्लादेशियों को मौत की सज़ा दिए जाने से जुड़े वे सवाल जो हैं अनसुलझे      कौन हैं निर्मला सीतारमण के पति परकला प्रभाकर जो प्रकाश राज और अभिजीत दिपके साथ CJP का प्रदर्शन में शामिल होंगे      ‘भारत हम सभी के लिए उम्मीद की किरण’, पोलैंड के प्रधानमंत्री ने की PM मोदी की जमकर तारीफ     
SENSEX लोड हो रहा... | NIFTY लोड हो रहा... | GOLD (10g) ₹— | SILVER (10g) ₹— | USD/INR ₹— | CRUDE OIL $— | Uttar Pradesh — लोड हो रहा है | --:--:-- | लाइव अपडेट
@NewsKantap:
मौसम ब्रेकिंग

बाढ़ का खतरा: भारत में मानसून 2026 के बीच चित्रकूट में भारी बाढ़ और हाई-अलर्ट जारी

मानसून 2026 के दौरान भारत में बाढ़ की स्थिति लगातार गंभीर बनी हुई है, विशेषकर चित्रकूट क्षेत्र में भारी बारिश के बाद हाई-अलर्ट जारी किया गया है।

A
Ankit Yadav
31 अग 2026, 10:51
बाढ़ का खतरा: भारत में मानसून 2026 के बीच चित्रकूट में भारी बाढ़ और हाई-अलर्ट जारी
देशभर में सक्रिय मानसून 2026 के दौर ने कई हिस्सों में तबाही मचा रखी है, जिसके चलते प्रशासन पूरी तरह से सतर्क हो गया है। हालिया रिपोर्टों के अनुसार, उत्तर प्रदेश के प्रसिद्ध धार्मिक और ऐतिहासिक क्षेत्र चित्रकूट में बाढ़ के खतरे को लेकर उच्च स्तर की चेतावनी (हाई-अलर्ट) घोषित की गई है। लगातार हो रही भारी मूसलाधार बारिश के कारण स्थानीय नदियां उफान पर हैं, जिससे निचले इलाकों में पानी भरने का गंभीर खतरा पैदा हो गया है। जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन इकाइयां किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह से मुस्तैद हैं।

चित्रकूट और आसपास के क्षेत्रों में हालात

आपदा प्रबंधन विभागों से मिली जानकारी के मुताबिक, लगातार होती वर्षा से जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। चित्रकूट क्षेत्र में न केवल नदियां बल्कि छोटे नाले और जल स्रोत भी खतरे के निशान के करीब बह रहे हैं। प्रशासन ने नदी किनारे बसे गांवों और बस्तियों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी है। राहत और बचाव कार्यों के लिए एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमों को भी स्थिति पर कड़ी नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं ताकि समय रहते लोगों को सुरक्षित निकाला जा सके और किसी भी तरह की अनहोनी को टाला जा सके। मानसून के इस सीजन में भारत के कई अन्य राज्यों में भी बाढ़ जैसे हालात देखने को मिल रहे हैं। मौसम विभाग ने आने वाले कुछ दिनों तक देश के विभिन्न हिस्सों में भारी बारिश का दौर जारी रहने की संभावना जताई है। इस व्यापक खतरे को देखते हुए केंद्रीय स्तर पर भी नजर रखी जा रही है और राज्य सरकारों के साथ मिलकर आपदा मोचन बल समन्वय स्थापित कर रहे हैं। किसानों की फसलों को भी भारी नुकसान की आशंका जताई जा रही है, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर विपरीत प्रभाव पड़ सकता है। स्थानीय प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे बिना किसी जरूरी काम के घरों से बाहर न निकलें और नदियों या जलमग्न रास्तों के पास जाने से बचें। सरकार और आपदा राहत दल लगातार स्थिति की समीक्षा कर रहे हैं ताकि राहत सामग्री और चिकित्सा सहायता समय पर प्रभावित लोगों तक पहुंचाई जा सके। आने वाले घंटों में मौसम के मिजाज को देखते हुए प्रशासन द्वारा और अधिक कड़े कदम उठाए जाने की संभावना है ताकि जनधन की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
कंटाप
NEWS
होम 🇮🇳 देश 🗺️ राज्य 🌍 विदेश 🏛️ राजनीति 💼 व्यापार 🏏 खेल 🎬 मनोरंजन 💻 टेक्नोलॉजी 🏥 स्वास्थ्य 📚 शिक्षा 🕉️ धर्म वीडियो राशिफल खोज