जलालपुर की गल्ला मंडी में रामलीला के दौरान हुआ विवाद
उत्तर प्रदेश के जलालपुर इलाके के अंतर्गत आने वाली गल्ला मंडी में पिछले दिनों रामलीला का आयोजन किया गया था। इस धार्मिक आयोजन को देखने के लिए बड़ी संख्या में स्थानीय लोग और आसपास के ग्रामीण इलाके के निवासी पहुंचे हुए थे। उपलब्ध जानकारी के मुताबिक एक युवक भी 16 अक्टूबर की रात को रामलीला देखने के लिए गल्ला मंडी के प्रांगण में पहुंचा था। कार्यक्रम के दौरान ही किसी अज्ञात बात को लेकर वहां अचानक कुछ कहासुनी और विवाद की स्थिति पैदा हो गई। आरोप है कि इस मामूली सी बात पर मौके पर कानून व्यवस्था संभालने के लिए पहुंची पुलिस ने अपनी सीमा लांघते हुए उस युवक की जमकर पिटाई कर दी। इस घटना के समय आयोजन स्थल पर कई अन्य लोग भी मौजूद थे जिन्होंने इस पूरी वारदात को अपनी आंखों से देखा था। पुलिसकर्मियों द्वारा एक आम नागरिक के साथ की गई इस मारपीट की घटना ने वहां मौजूद लोगों को हैरान कर दिया और पूरे आयोजन स्थल पर अफरातफरी का माहौल बन गया था।
सात दिन बाद सोशल मीडिया पर वायरल हुआ पिटाई का वीडियो
घटनास्थल पर उस समय मौजूद कुछ सजग लोगों ने पुलिसकर्मियों द्वारा युवक की पिटाई किए जाने की इस पूरी घटना को अपने मोबाइल फोन के कैमरे में कैद कर लिया था। यह वीडियो फुटेज शुरुआत में कुछ ही लोगों के पास थी लेकिन धीरे-धीरे यह स्थानीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गई। घटना के करीब सात दिन बीत जाने के बाद आखिरकार यह वीडियो सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफार्म पर वायरल हो गया। जैसे ही यह वीडियो इंटरनेट पर प्रसारित हुआ, आम जनता और सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं ने पुलिस की इस प्रकार की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाने शुरू कर दिए। हालांकि इस बात की आधिकारिक तौर पर कोई भी स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आ पाई है कि आखिर वह विवाद किस बात को लेकर शुरू हुआ था। इसके अलावा यह भी अभी तक स्पष्ट नहीं हो सका है कि मौके पर मौजूद पुलिस ने उस युवक के खिलाफ किस तरह की कानूनी कार्रवाई की थी। इस मामले में पुलिस प्रशासन की ओर से अभी तक पीड़ित युवक की पहचान और घटना से जुड़ी अन्य परिस्थितियों के बारे में कोई भी विस्तृत और पुख्ता जानकारी साझा नहीं की गई है।
मामले का संज्ञान लेकर क्षेत्राधिकारी कर रहे हैं पूरे प्रकरण की जांच
सोशल मीडिया पर पुलिसकर्मियों की पिटाई का वीडियो वायरल होने और लगातार उठ रहे सवालों के बाद पुलिस विभाग हरकत में आ गया है। इस पूरे मामले की गंभीरता को देखते हुए क्षेत्राधिकारी अनूप कुमार सिंह ने मीडिया और अधिकारियों को जानकारी दी है कि यह पूरा प्रकरण उनके संज्ञान में आ चुका है। उन्होंने बताया कि पुलिस प्रशासन की ओर से इस पूरे मामले की गहनता से जांच-पड़ताल की जा रही है ताकि सच्चाई का पता लगाया जा सके। जांच के दौरान जो भी नए तथ्य और डिजिटल साक्ष्य सामने आएंगे, उन्हीं के आधार पर आगे की सख्त वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के सामने आने के बाद से ही पुलिस की कार्यशैली पर एक बार फिर से सवालिया निशान लग गए हैं और निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि वीडियो में दिख रहे घटनाक्रम की हर पहलू से पड़ताल की जा रही है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। जांच पूरी होने के बाद ही इस बात का खुलासा हो सकेगा कि पुलिसकर्मियों ने किस परिस्थिति में युवक की पिटाई की थी और उस रात असल में क्या हुआ था।