रामपुर। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव ने गुरुवार को रामपुर जेल में बंद वरिष्ठ सपा नेता आजम खान से मुलाकात की। दोनों के बीच करीब एक घंटे तक बातचीत हुई। मुलाकात के बाद अखिलेश ने कहा कि समाजवादी पार्टी का लक्ष्य स्पष्ट है- बीजेपी को हराना। उन्होंने दावा किया कि पार्टी का हर कार्यकर्ता इस लक्ष्य के लिए काम करने को तैयार है।
अखिलेश ने आजम खान के परिवार के खिलाफ हुए कथित अन्याय का भी मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा, “सच्चाई कभी न कभी उजागर होगी। जब ऐसा होगा, तो संबंधित लोगों को समाज, देश और कानून को जवाब देना पड़ेगा।” उन्होंने आरोप लगाया कि आजम खान के परिवार को राजनीतिक रूप से निशाना बनाया गया और उनके खिलाफ फर्जी मुकदमे दर्ज किए गए।
“आजम खान का सपना सपा पूरा करेगी”
अखिलेश यादव ने कहा कि आजम खान का रामपुर में विश्वविद्यालय बनाने का सपना समाजवादी पार्टी पूरा करेगी। उन्होंने यह भी कहा कि आजम खान सामाजिक न्याय की दिशा में काम करते रहे हैं। सपा अध्यक्ष ने 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर कहा कि पार्टी का जोर पीडीए, सामाजिक न्याय और सच्चाई पर रहेगा। उन्होंने 2024 के चुनाव नतीजों का जिक्र करते हुए बीजेपी की हार का दावा भी किया।
आजम खान पश्चिमी उत्तर प्रदेश की राजनीति में अहम नेता माने जाते हैं। उनके खिलाफ मुकदमों और जेल में रहने के दौरान सपा नेतृत्व की भूमिका को लेकर विपक्षी दलों के नेताओं ने समय-समय पर सवाल उठाए हैं। एआईएमआईएम अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी समेत कुछ नेताओं ने आजम खान के मामले में अखिलेश यादव और सपा के रुख की आलोचना की है।
ऐसे में जेल में हुई यह मुलाकात आजम खान और उनके समर्थकों के प्रति सपा की एकजुटता का संदेश देने की कोशिश के तौर पर देखी जा रही है। हालांकि, मुलाकात के राजनीतिक असर का पता आने वाले समय में ही चलेगा।
रामपुर सपा में गुटबाजी की चुनौती
रामपुर में सांसद मोहिबुल्लाह नदवी और आजम खान के परिवार के बीच कथित दूरी के चलते स्थानीय सपा कार्यकर्ताओं के दो खेमों में बंटे होने की चर्चा है। विधानसभा चुनाव से पहले सभी कार्यकर्ताओं को एकजुट करना पार्टी नेतृत्व के सामने चुनौती हो सकती है। मुलाकात के दौरान रामपुर की राजनीति पर भी चर्चा होने की संभावना जताई गई है। अखिलेश यादव ने इससे पहले 8 अक्टूबर 2025 को रामपुर में आजम खान के घर जाकर उनसे मुलाकात की थी।