वाराणसी में हुई बुलडोजर कार्रवाई
वाराणसी के दालमंडी क्षेत्र में सोमवार की दोपहर प्रशासन और विकास से जुड़ी विभिन्न टीमों ने मिलकर एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। इस अभियान के तहत इलाके के आखिरी छह मकानों को पूरी तरह से जमींदोज कर दिया गया है। मौके पर लोक निर्माण विभाग यानी लोनिवि, नगर निगम और वाराणसी विकास प्राधिकरण यानी वीडीए की संयुक्त टीमें पहुंची थीं। इन टीमों के साथ भारी मात्रा में पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद रहे ताकि कार्रवाई के दौरान किसी भी प्रकार की असुविधा या गतिरोध से निपटा जा सके। दालमंडी क्षेत्र में कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए दो सौ से अधिक पुलिस कर्मियों को तैनात किया गया था। सुरक्षा के पुख्ता इंतजामों के बीच छतों पर मजदूरों को भी लगाया गया था ताकि ध्वस्तीकरण का काम सुचारू रूप से चल सके। कुछ भवनों को गिराने के लिए बुलडोजर यानी जेसीबी मशीनों का भी इस्तेमाल किया गया जिससे तय किए गए मकानों को पूरी तरह से ढहा दिया गया। इस प्रकार इस पूरी योजना के तहत आने वाले सभी निर्माणों को हटाने का काम अब सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है जिससे आगे के विकास कार्यों का रास्ता खुल गया है।
अधिकारियों की देखरेख में चली प्रक्रिया
इस पूरी ध्वस्तीकरण प्रक्रिया को अंजाम देने से एक दिन पहले ही प्रशासन ने अपनी तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया था। रविवार को लोक निर्माण विभाग की टीम ने पूरे क्षेत्र में मुनादी कराई थी जिसके माध्यम से स्थानीय लोगों को अपने मकान खाली करने के लिए पहले ही सचेत कर दिया गया था। कई लोगों ने प्रशासन की इस अपील और योजना के तहत अपने निर्माण स्वयं भी हटा लिए थे जिससे प्रशासनिक कार्य में कुछ आसानी हुई। सोमवार की दोपहर जब अमला मुसाफिर खाने के पास पहुंचा तो वहां स्थिति पूरी तरह से नियंत्रण में थी। लोक निर्माण विभाग के प्रांतीय खंड के सहायक अभियंता अनुराग तिवारी ने इस पूरी कार्रवाई की पुष्टि करते हुए बताया कि मौके पर कुल छह मकानों को ध्वस्त किया गया है। अधिकारियों की मौजूदगी में चली इस कार्रवाई के दौरान सभी संबंधित विभागों के कर्मचारी मुस्तैद रहे। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अब इस मार्ग पर किसी भी प्रकार का कोई गतिरोध या बाधा शेष नहीं बची है। प्रशासन और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों की सीधी निगरानी में यह अभियान शांतिपूर्ण ढंग से पूरा किया गया, जिससे बिना किसी बड़े विवाद के सभी चिन्हित भवनों को गिराने का कार्य संपन्न हो गया।
चौड़ीकरण और सुंदरीकरण का नया दौर
वाराणसी में काशी विश्वनाथ मंदिर तक जाने वाले इस महत्वपूर्ण मार्ग पर कुल 181 मकान और कई धार्मिक स्थल पहले ही चिन्हित किए गए थे जिन्हें अब पूरी तरह से हटा दिया गया है। इन सभी बाधाओं के दूर हो जाने के बाद अब इस क्षेत्र में विकास कार्यों को तेजी से आगे बढ़ाने का मार्ग प्रशस्त हो गया है। इस पूरे प्रोजेक्ट पर सरकार द्वारा दो सौ बारह दशमलव उनसठ करोड़ रुपये की भारी राशि खर्च की जाएगी। इस बजट के तहत इस प्रमुख सड़क के चौड़ीकरण के साथ-साथ इसका सुंदर बनाने का कार्य यानी सुंदरीकरण भी किया जाएगा। इसके अलावा इलाके में सीवरेज व्यवस्था को दुरुस्त करने, पैदल चलने वाले नागरिकों के लिए फुटपाथ बनाने और रात के समय रोशनी के लिए आधुनिक स्ट्रीट लाइट लगाने जैसे महत्वपूर्ण कार्य शामिल हैं। लोनिवि के अधिकारियों के अनुसार अब सारी बाधाएं पूरी तरह से दूर हो चुकी हैं इसलिए बहुत जल्द ही सड़क चौड़ीकरण और अन्य सभी विकास कार्यों को धरातल पर शुरू कराया जाएगा। इन तमाम विकास कार्यों के पूरा होने से न केवल काशी विश्वनाथ मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं को आवागमन में भारी सुविधा मिलेगी बल्कि पूरे दालमंडी क्षेत्र का बुनियादी ढांचा भी पूरी तरह से बदल जाएगा।